मुजफ्फरनगर: उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले से एक ऐसी सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसने पारिवारिक मर्यादाओं के तार-तार होने की पुष्टि कर दी है। जिले के बुढ़ाना क्षेत्र में एक बहू ने अपने ससुर द्वारा किए जा रहे कथित यौन उत्पीड़न से तंग आकर एक बेहद खौफनाक और रोंगटे खड़े कर देने वाला कदम उठाया। महिला ने ब्लेड से हमला कर अपने 60 वर्षीय ससुर का निजी अंग काट दिया। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।
पति की अनुपस्थिति में ससुर की गंदी नजर
पुलिस की प्रारंभिक जांच और पीड़िता के बयानों के अनुसार, आरोपी बहू की शादी करीब सात साल पहले हुई थी और उसके दो छोटे बच्चे (उम्र 5 और 6 वर्ष) हैं। महिला का पति रोजगार के सिलसिले में परिवार से दूर बाहर रहता है। पीड़िता का आरोप है कि उसके पति की गैर-मौजूदगी में उसका ससुर उसकी मजबूरी का फायदा उठा रहा था। महिला ने दावा किया है कि ससुर लंबे समय से उसके साथ अश्लील हरकतें कर रहा था और उसका लगातार यौन उत्पीड़न कर रहा था।
जब सब्र का बांध टूटा
शुक्रवार की दोपहर जब ससुर ने अपनी घिनौनी हरकतों को फिर से अंजाम देने की कोशिश की, तो बहू का सब्र पूरी तरह टूट गया। खुद की अस्मिता की रक्षा के लिए महिला ने पास रखे ब्लेड से ससुर पर जानलेवा हमला कर दिया और उसका निजी अंग काट डाला। हमले के बाद घर में चीख-पुकार मच गई और भारी रक्तस्राव के कारण ससुर गंभीर रूप से घायल हो गया।
पुलिस हिरासत में बहू, ससुर की हालत नाजुक
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। घायल बुजुर्ग को आनन-फानन में स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से उसकी नाजुक स्थिति को देखते हुए उसे बड़े चिकित्सा केंद्र के लिए रेफर कर दिया गया। बुढ़ाना के पुलिस क्षेत्राधिकारी (CO) गजेंद्र पाल सिंह ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपी 28 वर्षीय बहू को हिरासत में ले लिया गया है और उससे घटनाक्रम के बारे में विस्तृत पूछताछ की जा रही है।
कानून के घेरे में पूरा मामला
पुलिस ने घटना स्थल का निरीक्षण कर सबूत इकट्ठा किए हैं। CO गजेंद्र पाल सिंह ने स्पष्ट किया है कि पुलिस इस मामले के हर पहलू की गहनता से जांच कर रही है। हालांकि महिला ने यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए हैं, लेकिन कानून अपने हाथ में लेने के अपराध के तहत भी पुलिस कार्रवाई कर रही है। इस घटना ने समाज के सामने एक कड़वी सच्चाई लाकर खड़ी कर दी है कि किस तरह से घर की चारदीवारी के भीतर महिला सुरक्षा के दावे खोखले साबित हो रहे हैं। जांच के नतीजों के आधार पर ही पुलिस आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी करेगी।





















































