कानपुर: उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने रिश्तों की मर्यादा को तार-तार कर दिया है। सजेती थाना क्षेत्र में एक 15 वर्षीय किशोरी के साथ सामूहिक दुष्कर्म का मामला प्रकाश में आया है, जिसमें किसी बाहरी व्यक्ति का नहीं, बल्कि सगे मामा का हाथ होना सामने आया है। आरोपी मामा ने अपने साथी ट्रक ड्राइवर के साथ मिलकर अपनी ही भांजी को हवस का शिकार बनाया। पीड़िता की आपबीती सुनकर परिजनों के होश उड़ गए और पूरा इलाका स्तब्ध है।
कैसे रची गई घिनौनी साजिश
पुलिस जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे बेहद विचलित करने वाले हैं। घटना का मुख्य आरोपी (मामा) किशोरी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ट्रक में ले गया। ट्रक के अंदर ही इन दरिंदों ने शराब के नशे में अपनी घिनौनी करतूत को अंजाम दिया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया है कि वे लगातार अश्लील वीडियो देखने के आदी थे, जिसने उनकी मानसिकता को विकृत कर दिया था।
चलती गाड़ी से कूदकर बचाई जान
अपर पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) सुमित सुधाकर रामटेके ने जानकारी दी कि वारदात के बाद जब आरोपी उसे लेकर गुजर रहे थे, तो पीड़िता किसी तरह मौका पाकर कानपुर-सागर राजमार्ग पर स्थित अलियापुर टोल प्लाजा के पास चलती गाड़ी से कूद गई। अपनी जान जोखिम में डालकर वह जैसे-तैसे अपने घर तक पहुंची और परिवार को अपने साथ हुई इस बर्बरता के बारे में बताया। बेटी की दयनीय स्थिति देखकर परिजन भी दंग रह गए।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और कानूनी शिकंजा
घटना की सूचना मिलते ही पीड़िता के पिता ने बृहस्पतिवार को सजेती थाने में तहरीर दी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल प्राथमिकी दर्ज की। घाटमपुर के सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) कृष्णकांत यादव ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ पॉक्सो (POCSO) एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संगीन धाराओं के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया है।
शुक्रवार को पुलिस ने दोनों दरिंदों—मामा और उसके साथी ड्राइवर—को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस अब इस मामले की वैज्ञानिक तरीके से जांच कर रही है ताकि आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके।





















































