गनपॉइंट और चाकू की नोक पर दिया दुस्साहसिक वारदात को अंजाम
उत्तर प्रदेश के कानपुर नगर स्थित श्याम नगर चौकी क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां बेखौफ लुटेरों ने कानून-व्यवस्था को सीधी चुनौती दी है। दिवंगत रिटायर्ड पुलिस इंस्पेक्टर जय नारायण त्रिपाठी के आवास पर तीन हथियारबंद बदमाशों ने दिनदहाड़े दुस्साहसिक डकैती की घटना को अंजाम दिया। लुटेरों ने पूर्व इंस्पेक्टर की बहू रचना और उनके 16 वर्षीय पोते देवांश को असलहे और चाकू की नोक पर बंधक बना लिया। इसके बाद बदमाशों ने पूरे घर को खंगालते हुए 10 लाख रुपये से अधिक मूल्य के सोने-चांदी के आभूषण तथा 15 हजार रुपये की नकदी लूट ली और मौके से रफूचक्कर हो गए।
मां ने लगाई गुहार: ‘मेरी जान ले लो, पर बेटे को छोड़ दो’
घटना के वक्त शिक्षक शरद चंद्र त्रिपाठी का 16 वर्षीय बेटा देवांश घर में पढ़ाई कर रहा था, जबकि उनकी पत्नी रचना रसोईघर में दैनिक कार्यों में व्यस्त थीं। इसी दौरान तीन नकाबपोश और हथियारबंद बदमाश अचानक घर के अंदर दाखिल हो गए। साहसी देवांश ने बिना डरे एक लुटेरे का मुकाबला करने का प्रयास किया, लेकिन बेखौफ बदमाश ने उस पर चाकू से जानलेवा वार कर उसे लहूलुहान कर दिया। अपने मासूम बेटे पर चाकू चलता देख मां रचना बदहवास होकर लुटेरों के कदमों में गिर पड़ीं और अपने बेटे की जिंदगी बख्शने की गुहार लगाने लगीं।
45 मिनट तक मचाया तांडव, मेड ने आकर खोला दरवाजा
लुटेरों ने मां-बेटे के हाथ-पैर रस्सी से मजबूती से बांध दिए और उन्हें किचन में बंद कर दिया। इसके बाद लगभग 45 मिनट तक पूरे घर में इत्मीनान से अलमारियां और तिजोरियां खंगालकर लूटपाट की गई। जाते-जाते शातिर बदमाश परिजनों के मोबाइल फोन भी अपने साथ ले गए ताकि वे किसी को सूचना न दे सकें। वारदात के लगभग एक घंटे बाद जब घर की कामवाली बाई प्रियंका वहां पहुंची, तो कमरे में बिखरा सामान देखकर उसके होश उड़ गए। किचन से आ रही दबी-दबी चीखों को सुनकर उसने तुरंत दरवाजा खोला और बंधक बने मां-बेटे को बंधन मुक्त कराया।
जांच में जुटी फोरेंसिक और पुलिस टीम, इलाके में दहशत
घटना की जानकारी मिलते ही डीसीपी सत्यजीत गुप्ता, स्थानीय पुलिस बल और फोरेंसिक विशेषज्ञ तुरंत मौके पर पहुंचे और साक्ष्य जुटाए। पुलिस को जांच के दौरान घर से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर एक पेड़ के नीचे से लूटे गए मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने पर पता चला है कि तीनों बदमाश अपाचे मोटरसाइकिल से फरार हुए हैं। हालांकि, घटना के 24 घंटे बीत जाने के बाद भी लुटेरों का कोई सुराग नहीं लग सका है, जिससे स्थानीय निवासियों में भारी दहशत और आक्रोश व्याप्त है।




















































