शोक भोज के दौरान परोसे गए खाने में मिला कीटनाशक
उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले से एक अत्यंत चौंकाने वाली और सनसनीखेज घटना सामने आई है, जहां एक परिवार में आयोजित मृत्यु उपरांत भोज के दौरान कथित तौर पर जहरीला पदार्थ मिलने से बड़ा हादसा टल गया। इस दावत में परोसे गए भोजन को खाने के बाद करीब 12 लोगों की अचानक तबीयत बिगड़ गई, जिससे पूरे गांव में हड़कंप मच गया है। पुलिस प्रशासन द्वारा मंगलवार को इस पूरे मामले की आधिकारिक पुष्टि की गई है।
प्राप्त विवरण के अनुसार, यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना पाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रहतौरा गांव में घटित हुई। भोजन करने के तुरंत बाद जब लोगों को स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हुईं, तो आनन-फानन में सभी प्रभावितों को इलाज के लिए नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां उनका चिकित्सीय उपचार किया जा रहा है।
सब्जी का कड़वा स्वाद और सल्फास के खुले डिब्बे का खुलासा
यह पूरा मामला तब खुलकर सामने आया जब भोज में शामिल कुछ मेहमानों ने परोसी जा रही सब्जी (कढ़ी) के स्वाद में असमान्य कड़वाहट महसूस की। देखते ही देखते कुछ लोगों को तीव्र चक्कर आने और जी मिचलाने की गंभीर शिकायत होने लगी, जिसके बाद परिजनों ने तुरंत समझदारी दिखाते हुए मेहमानों को और अधिक खाना परोसने से रोक दिया।
जब मामले की गंभीरता को देखते हुए उस बड़े बर्तन की गहन छानबीन की गई जिसमें खाना तैयार किया गया था, तो परिवार के सदस्यों के होश उड़ गए। बर्तन के ठीक नीचे ‘सल्फास’ नामक घातक कीटनाशक दवा का एक खुला हुआ डिब्बा बरामद हुआ। इस चौंकाने वाले साक्ष्य के मिलने से यह प्रबल आशंका जताई जाने लगी कि भोज्य पदार्थ किसी साजिश या दुर्घटना के चलते जहरीला हो चुका था।
शुद्धिकरण की रस्म के दौरान जुटी थी भीड़
पुलिस से मिली जानकारियों के मुताबिक, यह दावत रहतौरा गांव निवासी नेत्रपाल के भाई संदीप की मृत्यु के उपरांत संपन्न होने वाली शुद्धिकरण की रस्म के बाद आयोजित की गई थी। इस शोक सभा और भोज कार्यक्रम में शामिल होने के लिए दूर-पास से तमाम रिश्तेदार, संबंधी और ग्रामीण पहुंचे हुए थे, और भोजन ग्रहण करने के दौरान ही यह अप्रिय स्थिति उत्पन्न हो गई।
अचानक हुई इस घटना से वहां मौजूद लोगों में अफरातफरी मच गई। बीमार पड़ने वाले लोगों की पहचान मोहित, शैलेंद्र, नेत्रपाल, अंजनी, श्रीपाल, आशीष, रवि, भूरे, सचिन, कमलेश, आनंद और अंकुश के रूप में की गई है। सभी पीड़ितों को तुरंत पाली प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है।
पुलिस कर रही है हर पहलू से गहन जांच-पड़ताल
घटना की सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस हरकत में आ गई और मामले की तह तक जाने के लिए छानबीन शुरू कर दी है। पीड़ित परिवार के सदस्यों का कहना है कि उन्हें इस बात की कोई भी जानकारी नहीं है कि खाना पकाने के दौरान या उसके आसपास कीटनाशक का वह खुला हुआ डिब्बा आखिर उस बड़े बर्तन तक कैसे और किसके माध्यम से पहुंचा।
पाली थाने के प्रभारी निरीक्षक विजय कुमार मिश्रा ने इस प्रकरण पर बयान देते हुए बताया कि पुलिस को इस गंभीर घटना की सूचना मिल चुकी है और विभिन्न पहलुओं से इसकी विस्तृत जांच की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रभावित परिवार की ओर से जैसे ही औपचारिक शिकायत प्राप्त होगी, उसके आधार पर आगे की कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। पुलिस इस बात की भी बारीकी से पड़ताल कर रही है कि क्या यह कीटनाशक गलती से गिरा था या इसके पीछे किसी शरारती तत्व या गहरी साजिश का हाथ था।





















































