नोएडा के थाना फेस-1 क्षेत्र में सक्रिय शातिर चोरों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ चलाए जा रहे सघन चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस को एक महत्वपूर्ण सफलता हाथ लगी है। पुलिस टीम ने 18 सितंबर को गश्त के दौरान एक 19 वर्षीय युवक को घेराबंदी कर हिरासत में लिया, जिसके पास से चोरी किए गए दो महंगे लैपटॉप और दो स्मार्टफोन बरामद हुए। इतना ही नहीं, तलाशी के दौरान उसके पास से एक धारदार अवैध चाकू भी मिला है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दर्ज चोरी के पुराने मुकदमे में बरामदगी के आधार पर संबंधित धाराओं की बढ़ोतरी करते हुए विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
सेक्टर-14 नाले के पुल के पास चेकिंग में फंसा संदिग्ध
घटनाक्रम के अनुसार, 18 सितंबर को थाना फेस-1 की पुलिस टीम क्षेत्र में कानून-व्यवस्था सुदृढ़ करने और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए नियमित जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान टीम सेक्टर-14 की ओर जाने वाले गंदे नाले के पुल के समीप तैनात थी। पुलिस को देखते ही एक युवक अचानक कदम पीछे खींचते हुए भागने का प्रयास करने लगा। उसकी संदिग्ध हरकतों को भांपते हुए जवानों ने तत्परता दिखाई और घेराबंदी करके उसे मौके पर ही पकड़ लिया। पूछताछ के दौरान वह संतोषजनक उत्तर देने में नाकाम रहा, जिसके बाद पुलिस ने उसकी विधिवत तलाशी ली।
दो लैपटॉप, दो मोबाइल और हथियार जब्त
तलाशी के दौरान आरोपी के कब्जे से चोरी के दो लैपटॉप और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए। जब पुलिस कर्मियों ने इन इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के स्वामित्व और बिल संबंधी दस्तावेज मांगे, तो युवक कोई वैध प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने स्वीकार किया कि ये उपकरण चोरी की वारदातों से जुड़े हैं। इसके अलावा आरोपी की कमर से एक अवैध चाकू भी बरामद हुआ, जिसे वह किसी वारदात के समय इस्तेमाल करने की नीयत से छिपाए बैठा था। पुलिस ने तत्काल प्रभाव से सामान को सीज करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए युवक की पहचान 19 वर्षीय तौशीब पुत्र समशुल कमर, निवासी जेजे कॉलोनी, सेक्टर-8, थाना फेस-1, नोएडा के रूप में की गई है।
आपराधिक रिकॉर्ड और नेटवर्क खंगालने में जुटी टीम
थाना फेस-1 पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि बरामद लैपटॉप और मोबाइल फोनों के संबंध में थाने में पहले से ही चोरी का मुकदमा पंजीकृत था। अब सामान की बरामदगी और अवैध हथियार मिलने के बाद मामले में आर्म्स एक्ट सहित अन्य सुसंगत धाराओं का इजाफा कर दिया गया है। पुलिस हिरासत में आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसने ये गैजेट्स किन विशिष्ट ठिकानों से पार किए थे। साथ ही पुलिस यह जांच भी कर रही है कि क्या वह किसी संगठित गिरोह का हिस्सा है या उसके साथ इस तरह की वारदातों में कोई अन्य साथी भी संलिप्त था।


















































