दादर से बदलापुर जाने वाली लोकल ट्रेन में अचानक फैली दहशत
मुंबई की जीवन रेखा कही जाने वाली लोकल ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों के लिए एक डरावनी घटना सामने आई है। शहर की एक लोकल ट्रेन के महिला डिब्बे में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक यात्री के बैग में रखे पावर बैंक में अचानक विस्फोट के बाद आग भड़क उठी। यह घटना शनिवार दोपहर करीब 12:30 बजे की है, जब दादर से रवाना होकर बदलापुर की ओर जा रही लोकल ट्रेन पटरियों पर दौड़ रही थी। गनीमत यह रही कि इस हादसे में किसी भी यात्री के हताहत होने की खबर नहीं है, लेकिन इस दुर्घटना ने लोकल ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
घाटकोपर स्टेशन के पास मची अफरा-तफरी, यात्रियों की सूझबूझ से टला बड़ा संकट
मध्य रेलवे के आधिकारिक प्रवक्ता से प्राप्त जानकारी के अनुसार, जब यह लोकल ट्रेन घाटकोपर रेलवे स्टेशन के करीब पहुंच रही थी, तभी अचानक महिला कोच के भीतर एक महिला के पर्सनल बैग से धुआं उठने लगा। देखते ही देखते बैग के अंदर रखा पावर बैंक फट गया और आग की लपटों ने डिब्बे को अपनी चपेट में ले लिया। डिब्बे के भीतर अचानक धुआं भर जाने के कारण यात्रियों में भारी दहशत फैल गई और लोग इधर-उधर भागने लगे।
स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए सतर्क यात्रियों ने तुरंत अक्लमंदी का परिचय दिया और ट्रेन की ‘अलार्म चेन’ यानी इमरजेंसी चैन खींचकर गाड़ी को रोका। इसके बाद कुछ साहसी यात्रियों ने तुरंत जलते हुए बैग को कोच से बाहर फेंक दिया और पानी डालकर आग पर पूरी तरह काबू पा लिया।
रेलवे प्रशासन की त्वरित कार्रवाई और ट्रेन का निरीक्षण
रेलवे अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि इस अचानक हुई दुर्घटना में किसी भी यात्री को शारीरिक चोट नहीं आई है, हालांकि संबंधित महिला यात्री का कीमती सामान और बैग जलकर पूरी तरह राख हो गया। एहतियात के तौर पर और सुरक्षा की कड़ी जांच सुनिश्चित करने के लिए ट्रेन को घाटकोपर स्टेशन पर दोपहर 12:51 मिनट से 12:53 मिनट तक रोका गया।
मौके पर पहुंचे रेलवे सुरक्षा कर्मचारियों और तकनीकी टीम ने तुरंत डिब्बे का बारीकी से निरीक्षण किया। ट्रेन के पूरी तरह सुरक्षित पाए जाने के बाद इसे अपने गंतव्य की ओर रवाना कर दिया गया। रेलवे सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस घटना के अलावा शनिवार की रात पनवेल से वडाला की ओर जाने वाली एक वातानुकूलित (AC) लोकल ट्रेन में भी इसी प्रकार की एक और घटना सामने आई, जिसने प्रशासन की चिंता को और बढ़ा दिया है।
चलती ट्रेन में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की सुरक्षा पर उठे सवाल
इस तरह की घटनाएं आए दिन इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स के इस्तेमाल और उनकी सुरक्षा को लेकर एक चेतावनी साबित हो रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि सफर के दौरान मोबाइल बैटरियों और पावर बैंक का अत्यधिक गर्म होना या शॉर्ट सर्किट होना खतरनाक साबित हो सकता है। रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि वे सफर के दौरान अपने इलेक्ट्रॉनिक सामानों, विशेषकर बैटरियों और पावर बैंक की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें, ताकि भविष्य में इस प्रकार की अप्रिय घटनाओं से बचा जा सके।















































