उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी और उसके मुखिया अखिलेश यादव के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। राजभर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी ‘सपा की जातीय हिंसा: पार्ट-3’ श्रृंखला के जरिए सपा के कार्यकाल को ‘आतंकराज’ करार दिया है। मंत्री ने सीधे तौर पर अखिलेश यादव पर हमला बोलते हुए कहा है कि सपा के सत्ता में रहने के दौरान दलितों और पिछड़ों के साथ जो अमानवीय व्यवहार हुआ, उसे जनता आज भी नहीं भूली है।
सत्ता का नशा और मकदूमपुर का वो काला अध्याय
मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने भदोही जिले की एक पुरानी घटना का जिक्र करते हुए सपा पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि मार्च 2012 में जब समाजवादी पार्टी को जनादेश मिला था, तो उसके कार्यकर्ताओं और गुंडों के सिर पर खून सवार हो गया था। राजभर ने मकदूमपुर गांव की उस घटना की याद दिलाई, जहां केवल इसलिए दलित बस्ती को आग के हवाले कर दिया गया था क्योंकि उन्होंने सपा को वोट नहीं दिया था।
राजभर ने अपने पोस्ट में लिखा कि वहां की दलित बस्तियों के लोग हाथ-पैर जोड़कर रहम की भीख मांगते रहे, लेकिन सत्ता के नशे में चूर सपा समर्थकों ने उनकी एक न सुनी। घरों को राख में बदलने के साथ ही उस दौरान बहुजन समाज की महिलाओं के साथ जो बदसलूकी की गई, उसे याद करके आज भी वहां के पीड़ित सिहर उठते हैं।
‘सिस्टम बन गया था सपा का दफ्तर’
ओपी राजभर ने उस समय की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि पीड़ितों के घाव पर मरहम लगाने वाला कोई नहीं था, क्योंकि उस वक्त पूरा सरकारी तंत्र एक राजनीतिक पार्टी के कार्यालय की तरह काम कर रहा था। उन्होंने आरोप लगाया कि लखनऊ से इतना अधिक दबाव था कि पुलिस ने केवल कागजी कार्रवाई के नाम पर आवेदन लिए, लेकिन वास्तविक दोषियों पर एफआईआर तक दर्ज करने की हिम्मत नहीं जुटाई। जब मामला तूल पकड़ा और चौतरफा निंदा होने लगी, तब दिल्ली से पीएल पुनिया को भदोही का दौरा करना पड़ा था।
‘शोषणवाद ही सपा का असली समाजवाद’
अपने तीखे प्रहार को जारी रखते हुए राजभर ने कहा कि समाजवादी पार्टी का तथाकथित ‘पीडीए’ असल में केवल शोषण का दूसरा नाम है। उन्होंने सपा पर तंज कसते हुए कहा कि जिस तरह की हिंसा और उत्पीड़न सपा के शासनकाल में हुआ, वह इस बात का सबूत है कि उनके लिए ‘समाजवाद’ का अर्थ केवल ‘शोषणवाद’ है।
उन्होंने अखिलेश यादव को चेतावनी देते हुए कहा, “अगर गलती से भी आप लोग दोबारा सत्ता में आए, तो प्रदेश में अपराध का नशा दोगुना हो जाएगा।” राजभर ने जनता को आगाह किया कि सपा का दोबारा आना उत्तर प्रदेश को पश्चिम बंगाल जैसी अराजकता की स्थिति में धकेलने के समान होगा। उन्होंने अपने बयान का समापन ‘जय महाराज सुहेलदेव’ और धार्मिक उद्घोषों के साथ करते हुए सपा के खिलाफ अपना कड़ा रुख दोहराया।





















































