नोएडा की थाना फेस-2 पुलिस ने क्षेत्र में सक्रिय वाहन चोरों और चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले गिरोह के खिलाफ एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। पुलिस ने एक सटीक सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए दो ऐसे शातिर अपराधियों को दबोचा है, जो लंबे समय से कीमती सामानों को अपना निशाना बना रहे थे। पुलिस टीम ने इन चोरों के कब्जे से न केवल चोरी किया गया भारी-भरकम जनरेटर और उसका अल्टरनेटर बरामद किया है, बल्कि वारदात में उपयोग किया गया ऑटो रिक्शा भी अपने कब्जे में ले लिया है। इस कार्रवाई ने इलाके के अन्य अपराधियों में हड़कंप मचा दिया है।
श्मशान घाट के पास बिछाया जाल, धरे गए आरोपी
पुलिस को 15 जुलाई को लोकल इंटेलिजेंस और गोपनीय सूत्रों से जानकारी मिली थी कि कुछ संदिग्ध व्यक्ति चोरी के सामान के साथ इस रास्ते से गुजरने वाले हैं। इस सूचना की पुष्टि होते ही फेस-2 थाना प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तुरंत सक्रिय होकर थाना क्षेत्र के श्मशान घाट के निकट घेराबंदी कर दी। पुलिस ने संदिग्धों को रुकने का इशारा किया, तो वे भागने की कोशिश करने लगे, लेकिन सतर्क जवानों ने उन्हें दबोच लिया।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान मोहसिन (28 वर्ष) और बृजेश यादव (22 वर्ष) के रूप में हुई है। मोहसिन मूल रूप से अलीगढ़ के सासनी गेट थाना क्षेत्र के गांव कौमटी खरौली का रहने वाला है और फिलहाल गाजियाबाद की खोड़ा कॉलोनी में ठिकाना बनाए हुए था। वहीं, दूसरा आरोपी बृजेश यादव एटा के राजा का रामपुर स्थित गांव टिकैतपुरा का निवासी है, जो वर्तमान में नोएडा के भंगेल में रह रहा था।
बरामदगी और सीज की गई गाड़ी
तलाशी के दौरान पुलिस को इनके पास से चोरी का एक जनरेटर और उससे जुड़ा हुआ अल्टरनेटर बरामद हुआ। इसके अलावा, चोरी के सामान की ढुलाई के लिए उपयोग किए जा रहे ऑटो रिक्शा को भी पुलिस ने मौके पर ही जब्त कर लिया। मोटर वाहन अधिनियम की धारा 207 के तहत इस ऑटो को सीज कर दिया गया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि यह ऑटो आरोपियों का अपना था या इसे भी कहीं से चुराया गया था।
शातिर बृजेश का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड
पुलिसिया पूछताछ और रिकॉर्ड खंगालने पर सामने आया कि पकड़ा गया आरोपी बृजेश यादव महज 22 साल की उम्र में ही अपराध की दुनिया का पुराना खिलाड़ी है। उसके खिलाफ पूर्व में कई संगीन मुकदमे दर्ज हैं। एटा के थाना राजा का रामपुर में वर्ष 2018 में उसके खिलाफ महिलाओं से संबंधित अपराध और पोक्सो (POCSO) एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था। इतना ही नहीं, वर्ष 2021 में उस पर धोखाधड़ी और अन्य गंभीर धाराओं में भी केस दर्ज किया गया था। यह तथ्य साबित करता है कि बृजेश लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहा है।
बीएनएस की धाराओं में मामला दर्ज
थाना फेस-2 पुलिस ने इन दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 305(ए) और 317(2) के तहत मुकदमा अपराध संख्या 295/2026 दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि इन दोनों से गहन पूछताछ की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इनके गिरोह में और कौन-कौन से चेहरे शामिल हैं और इन्होंने नोएडा के अलावा और किन क्षेत्रों में चोरी की वारदातों को अंजाम दिया है। पुलिस का मानना है कि पूछताछ के बाद कई और पुराने मामलों का खुलासा हो सकता है।





















































