सोनभद्र। उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक अवैध रूप से चल रहे निजी अस्पताल में प्रसव के दौरान एक आशा कार्यकर्ता की जान चली गई। मृतका के परिजनों ने 108 एंबुलेंस कर्मियों पर गंभीर आरोप लगाया है कि उन्होंने मरीज को सरकारी अस्पताल ले जाने के बजाय एक अपंजीकृत क्लिनिक में पहुंचा दिया, जिसके बाद यह दुखद घटना घटी। जिलाधिकारी ने मामले की तुरंत जांच के आदेश दे दिए हैं।
🏥 क्या है पूरा मामला?
जिले के कोन क्षेत्र में स्थित ‘ग्लोबल हॉस्पिटल एंड सर्जिकल सेंटर’ नाम का यह अस्पताल बिना किसी पंजीकरण के चल रहा था। बागेसोती गांव निवासी देवनारायण की पत्नी सीमा देवी (उम्र 36) को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन उन्हें लेकर निकले। उन्हें पहले कचनरवा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) ले जाया गया, जहां से डॉक्टरों ने उन्हें कोन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) रेफर कर दिया। इसके बाद 108 आपातकालीन एंबुलेंस सेवा को बुलाया गया।
🚑 एंबुलेंस कर्मियों पर गंभीर आरोप
परिजनों का कहना है कि एंबुलेंस के कर्मचारी सीमा को सरकारी सीएचसी ले जाने के बजाय उसी इलाके में स्थित अवैध ‘ग्लोबल हॉस्पिटल’ ले गए। परिवार ने यह भी आरोप लगाया है कि अस्पताल कर्मचारियों ने उन्हें यह विश्वास दिलाया कि यह एक मान्यता प्राप्त अस्पताल है। शुक्रवार को सीमा को इसी अस्पताल में भर्ती कराया गया और सर्जरी के बाद उसने एक बच्चे को जन्म दिया। लेकिन कुछ ही घंटों बाद शनिवार को उसकी अचानक मौत हो गई।
👮 पुलिस ने दो आरोपियों को दबोचा, संचालक फरार
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी। कोन थाना प्रभारी अखिलेश कुमार मिश्र ने बताया कि मृतका के पति की तहरीर और चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कीर्ति आनंद बिंद की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने सोमवार को अस्पताल में काम करने वाली नर्स सलमा और उसके सहायक जौरुन को गिरफ्तार कर लिया। नर्स सलमा पर पुलिस अधीक्षक द्वारा 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
हालांकि, अस्पताल का संचालक डॉ. नसीम अहमद अभी भी फरार है। उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम रखा गया है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
🚨 डीएम ने दिए जांच के आदेश, अस्पताल सील
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच के आदेश दे दिए हैं। उन्होंने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि मरीज को पीएचसी से सीएचसी रेफर किया गया था, लेकिन एंबुलेंस कर्मियों ने उसे बिना पंजीकरण के निजी अस्पताल में पहुंचा दिया। डीएम ने बताया कि घटना के बाद अस्पताल संचालक फरार हो गया है और अस्पताल को सील कर दिया गया है। सीमा के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
⚖️ कानूनी कार्रवाई जारी
फिलहाल पुलिस ने अस्पताल संचालक समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। जांच जारी है और जल्द ही अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किए जाने की संभावना है। प्रशासन ने साफ किया है कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।





















































