ग्रेटर नोएडा वेस्ट के घनी आबादी वाले शाहबेरी इलाके में उस वक्त सनसनी फैल गई जब एक बहुमंजिला इमारत के रिहायशी फ्लैट में अवैध रूप से छुपाकर रखा गया पटाखों का विशाल भंडार पकड़ा गया। बिसरख कोतवाली पुलिस ने सटीक गुप्त इनपुट के आधार पर तत्परता दिखाते हुए छापेमारी की और लगभग तीन लाख रुपये मूल्य की विस्फोटक सामग्री अपने कब्जे में ली। एक घरेलू फ्लैट को अनाधिकृत वेयरहाउस में तब्दील करने के इस गंभीर मामले में पुलिस ने मौके से एक मुख्य आरोपी को दबोच लिया है।
खुफिया इनपुट पर बिसरख पुलिस की त्वरित कार्रवाई
9 सितंबर 2026 को बिसरख थाने की पुलिस टीम को क्षेत्रीय मुखबिर तंत्र और गोपनीय सूत्रों से पुख्ता जानकारी हाथ लगी थी कि शाहबेरी स्थित एक रिहायशी परिसर में बिना किसी वैधानिक अनुमति के बड़े पैमाने पर आतिशबाजी सामग्री डंप की गई है। प्राप्त सूचना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस दल ने शाहबेरी के बालाजी एन्क्लेव अंतर्गत नागौरी-1 स्थित चिन्हित फ्लैट की घेराबंदी कर सघन तलाशी अभियान शुरू किया। फ्लैट का दरवाजा खुलते ही कमरों के भीतर कार्टन में पैक किए गए देशी-विदेशी बम और ज्वलनशील पटाखों की भरमार देखकर जांच दल दंग रह गया।
बचाव दल की मौजूदगी में टेंपो से खाली कराया गया बारूद
फ्लैट में रखे बारूद के जखीरे की भयावहता को भांपते हुए स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षात्मक दृष्टिकोण से तुरंत दमकल विभाग को सूचित किया, जिसके बाद फायर ब्रिगेड की गाड़ियां आपात स्थिति से निपटने के लिए मौके पर तैनात कर दी गईं। किसी भी अनहोनी या विस्फोट की आशंका को टालते हुए बेहद सतर्कता के साथ पटाखों के तमाम बक्सों को फ्लैट से बाहर निकाला गया। बरामदगी इतनी भारी मात्रा में थी कि समूचे कंसाइनमेंट को थाने तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए कई कमर्शियल टेंपो वाहनों की मदद लेनी पड़ी।
रिहायशी बहुमंजिला परिसर में मंडरा रहा था भारी खतरा
इस पूरी बरामदगी के बाद सबसे चिंताजनक पहलू यह सामने आया है कि जिस इमारत में दर्जनों परिवार सुकून से रह रहे थे, उसी के एक फ्लैट में अवैध रूप से लगभग 3 लाख रुपये के ज्वलनशील पटाखों का स्टॉक जमा किया गया था। किसी भी छोटी सी चिंगारी या असावधानी के चलते पूरी रिहायशी इमारत में भीषण तबाही मच सकती थी। स्थानीय पुलिस अब इस बिंदु पर गहनता से पड़ताल कर रही है कि संबंधित फ्लैट को कब से आतिशबाजी के अनधिकृत गोदाम की तरह इस्तेमाल किया जा रहा था और क्या इस विस्फोटक भंडारण के लिए सक्षम अधिकारियों से कोई भी सुरक्षा अनापत्ति या लाइसेंस लिया गया था।
बुलंदशहर का निवासी निकला मुख्य आरोपी, दर्ज हुआ केस
छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके पर मौजूद 39 वर्षीय नितिन गर्ग को हिरासत में ले लिया, जो कि मुकेश कुमार गर्ग का पुत्र है। वर्तमान में नागौरी-1, बालाजी एन्क्लेव, शाहबेरी में रह रहा यह आरोपी मूल रूप से जनपद बुलंदशहर के कस्बा जहांगीराबाद से ताल्लुक रखता है। बिसरख थाना पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध संबंधित कानूनी धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करते हुए उसे औपचारिक तौर पर गिरफ्तार कर लिया है।
बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज खंगालने में जुटी जांच एजेंसियां
बिसरख पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की जड़ तक पहुंचने के लिए आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है। जांच अधिकारी यह पता लगाने की कोशिश में हैं कि पटाखों की यह इतनी बड़ी खेप किस सप्लायर या फैक्ट्री से मंगवाई गई थी और इसे आगामी दिनों में किन फुटकर विक्रेताओं या बाजारों में खपाने की योजना थी। इसके साथ ही, इस अवैध भंडारण और लॉजिस्टिक्स में नितिन गर्ग के साथ शामिल अन्य सहयोगियों व मददगारों की भूमिका को भी पुलिस बारीकी से खंगाल रही है।





















































