देवरिया। उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले से दिल दहला देने वाला अग्निकांड सामने आया है, जहां देर रात सो रहे एक परिवार के आशियाने पर काल बनकर आग टूट पड़ी। भटनी थाना क्षेत्र अंतर्गत नोनापार गांव में मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात एक रिहायशी झोपड़ी अचानक भीषण लपटों से घिर गई। इस दर्दनाक हादसे में एक तीन वर्षीय मासूम बच्ची और उसके पिता सहित तीन लोगों की झुलसने से मौके पर ही जान चली गई, जबकि परिवार की एक महिला जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही है। आधी रात को हुए इस वीभत्स हादसे से पूरे क्षेत्र में चीख-पुकार मच गई और समूचे गांव में सन्नाटा व मातम पसर गया है।
लपटों में घिरी झोपड़ी, ग्रामीणों में मची अफरातफरी
स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, देर रात करीब डेढ़ बजे जब सभी लोग गहरी नींद में थे, तभी अचानक नोनापार स्थित एक झोपड़ी से आग की ऊंची-ऊंची लपटें उठने लगीं। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पूरी झोपड़ी को अपनी चपेट में ले लिया। आग की तपिश और धुएं का गुबार देख आस-पास के ग्रामीण तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़े और अपने स्तर पर पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। इसके साथ ही ग्रामीणों ने अविलंब स्थानीय पुलिस व फायर ब्रिगेड को सूचित किया।
पुलिस और दमकल विभाग ने संभाला मोर्चा
घटना की जानकारी मिलते ही भटनी थाना पुलिस और अग्निशमन दल के कर्मचारी तत्परता दिखाते हुए दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत और जद्दोजहद के बाद लपटों पर पूरी तरह काबू पाया। आग पर नियंत्रण पाने के तुरंत बाद भीतर फंसे बुरी तरह झुलसे लोगों को बाहर निकालकर तत्काल नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) भटनी पहुंचाया गया।
डॉक्टरों ने 3 को मृत घोषित किया, महिला उच्च केंद्र रेफर
अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों की टीम ने गहन परीक्षण के बाद 32 वर्षीय जितेंद्र (पुत्र लालचंद्र), बालकिशन (पुत्र अदालत) और जितेंद्र की 3 साल की मासूम बेटी शनि को मृत घोषित कर दिया। वहीं हादसे में जितेंद्र की पत्नी लीला आग से गंभीर रूप से झुलस चुकी थीं। उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के पश्चात बेहतर और सघन चिकित्सीय देखरेख के लिए उच्च चिकित्सा केंद्र रेफर कर दिया गया।
पुलिस अधीक्षक पहुंचे मौके पर, जांच में जुटा प्रशासन
हादसे की भयावहता को देखते हुए देवरिया के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अभिजीत आर. शंकर समेत पुलिस और प्रशासन के आला अधिकारी रात में ही घटनास्थल पर पहुंचे। वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके का बारीकी से निरीक्षण कर पीड़ित परिजनों और ग्रामीणों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।
भाटपार रानी के क्षेत्राधिकारी (सीओ) मनोज कुमार ने घटना का आधिकारिक विवरण देते हुए बताया कि भटनी के नोनापार गांव में देर रात लगभग डेढ़ बजे झोपड़ी में आग लगने की सूचना प्राप्त हुई थी। पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। अस्पताल में तीन लोगों को चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया है, जबकि घायल लीला का इलाज उच्च केंद्र में चल रहा है। पुलिस द्वारा शवों का पंचनामा भरकर विधिक कार्यवाही पूरी की जा रही है। आग किन कारणों से भड़की, इसका सटीक कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है और तकनीकी टीम जांच में जुटी है।















































