उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत पुलिस का अपराधियों के खिलाफ सख्त अभियान निरंतर जारी है। इसी कड़ी में शुक्रवार रात राज्य के दो अलग-अलग जिलों—बुलंदशहर और बलिया—में पुलिस और बदमाशों के बीच आमना-सामना हुआ। दोनों ही मुठभेड़ों में पुलिस ने बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए दो कुख्यात अपराधियों को धर दबोचा। बुलंदशहर में जहां पुलिस ने विपिन हत्याकांड के मुख्य आरोपी को मुठभेड़ में घायल कर गिरफ्तार किया, वहीं बलिया में 25 हजार रुपये के इनामी बदमाश को पुलिस की गोली का सामना करना पड़ा।
बुलंदशहर: विपिन हत्याकांड के आरोपी फैजान पर पुलिस की कार्रवाई
बुलंदशहर के सिकंदराबाद इलाके में बीते दिनों विपिन की नृशंस हत्या ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया था। 2 जून को चोला रोड स्थित एक बंद पड़ी फैक्ट्री के निकट नाले से विपिन का शव एक बोरे में बंद अवस्था में मिला था। जांच में खुलासा हुआ कि विपिन की हत्या ई-रिक्शा लूटने के इरादे से की गई थी। इस जघन्य वारदात को फैजान कुरैशी और उसके साथी जैद सैफी ने अंजाम दिया था।
शुक्रवार देर रात पुलिस को सूचना मिली कि मुख्य आरोपी फैजान लूटे गए ई-रिक्शे को ठिकाने लगाने की फिराक में है। सक्रिय हुई पुलिस टीम ने घेराबंदी की, जिसके बाद आरोपी ने पुलिस पर फायर झोंक दिया। जवाबी कार्रवाई में फैजान के पैर में गोली लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा। हालांकि, उसका साथी जैद सैफी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में सफल रहा। सीओ भास्कर मिश्रा ने पुष्टि की है कि आरोपी के कब्जे से लूटा गया ई-रिक्शा, एक अवैध तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पूछताछ में फैजान ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है।
बलिया: डोकाटी में 25 हजार के इनामी धीरज सिंह का एनकाउंटर
दूसरी ओर, बलिया के डोकाटी थाना क्षेत्र में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी। यहां पुलिस ने एक शातिर अपराधी धीरज सिंह को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया। एएसपी संजय वर्मा ने बताया कि पुलिस को डोकाटी डाला के पास एक वांछित अपराधी के छिपे होने की खुफिया सूचना मिली थी। जैसे ही पुलिस ने क्षेत्र की घेराबंदी की, धीरज सिंह ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
आत्मरक्षा में पुलिस की ओर से की गई जवाबी फायरिंग में अपराधी के बाएं पैर में गोली लगी, जिसके बाद वह असहाय होकर पकड़ा गया। पुलिस ने आरोपी के पास से अवैध हथियार भी बरामद किए हैं। धीरज पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था और उसके खिलाफ पहले से कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। घायल अपराधी को तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां पुलिस की कड़ी निगरानी में उसका इलाज चल रहा है।
उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था का कड़ा संदेश
उत्तर प्रदेश पुलिस की इन ताबड़तोड़ कार्रवाइयों ने अपराधियों के हौसले पस्त कर दिए हैं। राज्य में लगातार हो रहे एनकाउंटर इस बात का प्रमाण हैं कि अब कानून को हाथ में लेने वालों के लिए प्रदेश में कोई जगह नहीं है। दोनों ही मामलों में पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए साक्ष्यों को सुरक्षित किया है और फरार आरोपियों की तलाश में टीमें जुटी हुई हैं। पुलिस प्रशासन का कहना है कि प्रदेश की शांति भंग करने वाले किसी भी तत्व को बख्शा नहीं जाएगा।





















































