उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नारी गरिमा और सुशासन के प्रति अपनी सरकार का कड़ा रुख स्पष्ट किया है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव की बेटी के खिलाफ की गई अभद्र टिप्पणी पर मुख्यमंत्री ने सख्त नाराजगी जताते हुए कहा कि ऐसे तत्वों पर एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि बेटी का सम्मान सर्वोपरि है और इसके साथ खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए सलाह दी कि वे अपने ‘चेलों-चपाटों’ को मर्यादित भाषा का संस्कार सिखाएं, वरना उनकी सरकार यह जिम्मेदारी बखूबी निभाना जानती है। यह तीखी टिप्पणी उन्होंने आजमगढ़ में 955 करोड़ रुपये से अधिक की 39 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास के दौरान एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए की।
महाराजा सुहेलदेव के सम्मान में भव्य प्रतिमा का ऐलान
आजमगढ़ की विकास यात्रा को गति देते हुए सीएम योगी ने एक बड़ी घोषणा की। जनप्रतिनिधियों की मांग को स्वीकार करते हुए उन्होंने कहा कि महाराजा सुहेलदेव राज्य विश्वविद्यालय में उनकी एक भव्य अश्वारोही प्रतिमा स्थापित की जाएगी। साथ ही, उन्होंने स्थानीय प्रशासन को निर्देश दिए कि शहर की पुरानी जेल को एक आधुनिक कन्वेंशन सेंटर के रूप में विकसित करने की कार्ययोजना तैयार की जाए। मुख्यमंत्री ने इस दौरान आजमगढ़ के गौरवशाली अतीत को याद करते हुए कहा कि यह ऋषि-मुनियों और देश की आजादी के लिए लड़ने वाले वीरों की पावन धरती है।
‘पहचान का संकट’ से ‘विकास की दौड़’ तक का सफर
सीएम योगी ने 2017 से पहले के आजमगढ़ और वर्तमान के ‘नए उत्तर प्रदेश’ के आजमगढ़ के बीच का अंतर स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि पहले यह जिला अपनी पहचान के लिए मोहताज था, जहाँ न अच्छे विश्वविद्यालय थे, न एक्सप्रेसवे और न ही एयरपोर्ट। आज पूर्वांचल एक्सप्रेसवे, बेहतर एयर कनेक्टिविटी और फोरलेन सड़कों से आजमगढ़ की गति और प्रगति दोनों बढ़ी है। मुबारकपुर की ब्लैक पॉटरी और आजमगढ़ की साड़ी को ‘एक जनपद-एक उत्पाद’ योजना के तहत वैश्विक मंच मिलने से स्थानीय कारीगरों की आय कई गुना बढ़ी है, जिससे उनका जीवन स्तर सुधरा है।
नकारात्मकता से मुक्ति और सुरक्षा का संकल्प
आजमगढ़ को बदनाम करने वाली ‘संजरपुर’ जैसी पहचान को लेकर मुख्यमंत्री ने पुरानी सरकारों की नकारात्मक सोच को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि पहले की सरकारों ने युवाओं का इस्तेमाल केवल स्वार्थ के लिए किया, जबकि आज की डबल इंजन सरकार बेटी की सुरक्षा, व्यापारी की समृद्धि और गरीब के लिए कल्याणकारी योजनाओं पर काम कर रही है। सीएम ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि किसी ने गरीब की जमीन हड़पने, व्यापारियों को परेशान करने या बेटियों की सुरक्षा में सेंध लगाने का दुस्साहस किया, तो उसके अंजाम बुरे होंगे।
गुलामी की मानसिकता से मुक्ति का संकल्प
इतिहास के पन्नों को पलटते हुए मुख्यमंत्री ने महाराजा सुहेलदेव के शौर्य को नमन किया और गुलामी के प्रतीकों को खारिज करने की बात कही। उन्होंने कहा कि बहराइच से लेकर आजमगढ़ तक, नया भारत अब विदेशी आक्रांताओं के किसी भी प्रतीक को स्वीकार नहीं करेगा। राष्ट्रनायक सुहेलदेव ने सदियों पहले आक्रांताओं को धूल चटाई थी, और आज वही प्रेरणा हमें एक सुरक्षित और स्वाभिमानी भारत की ओर ले जा रही है। अंत में सीएम ने कहा कि आज की पीढ़ी को प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में एक सशक्त भारत के दर्शन हो रहे हैं, जहाँ भ्रष्टाचार के लिए कोई जगह नहीं है।





















































