नई दिल्ली
अगर आपके घर में भी खाना पकाने के लिए एलपीजी सिलिंडर (LPG Cylinder New Rules) का इस्तेमाल किया जाता है, तो आपके लिए एक बहुत जरूरी खबर है। 1 अक्टूबर से एलपीजी सिलिंडर (LPG Booking rules) को लेकर कुछ ऐसे बदलाव हो रहे हैं, जिनके बाद से कुछ लोगों को सिलिंडर (Rule changes from 1 oct) नहीं मिलेगा, साथ ही कुछ लोगों को महंगा मिलेगा। तो आइए जानते हैं कि इस परेशानी से बचने के लिए आपको क्या करना है।
1. सब्सिडी के लिए बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन जरूरी
अगर आपके घर में सब्सिडी वाला घरेलू एलपीजी सिलिंडर (Subsidy LPG Cylinder) लेते हैं, तो अब आपके लिए बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन कराना जरूरी कर दिया गया है। जिन ग्राहकों ने अभी तक ये प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उन्हें अगली सब्सिडी वाली रिफिल बुक करने से पहले इसे पूरा करना होगा। ये काम आप गैस एजेंसी, डिलीवरी बॉय या फिर घर बैठे तेल कंपनी के एप से भी पूरा कर सकते हैं।
2. बढ़ सकते हैं सिलिंडर के दाम?
हर महीने की पहली तारीख को तेल कंपनियां गैस सिलिंडर के नए रेट (LPG Cylinder Rate) जारी करती है। ये कीमतें इंटरनेशनल मार्केट में ईंधन की कीमत, गैस आयात करने की लागत और सरकार के टैक्स जैसे कई कारकों पर निर्भर करती हैं। फिलहाल दिल्ली (LPG Rate in Delhi) में कमर्शियल सिलेंडर ₹2747 और घरेलू सिलिंडर ₹942 में मिल रहा है। अब देखना होगा कि कल तेल कंपनियां नए रेट को लेकर क्या बताती हैं।
3. रिफिल बुकिंग को लेकर बड़ा बदलाव
सरकार ने घरेलू एलजीपी सिलिंडर की अगली रिफिल बुक करने की अवधि को 45 दिन से घटाकर 25 दिन कर दिया है। ये नया नियम देश के सभी घरेलू ग्राहकों पर लागू होगा। पहले सिर्फ शहरी इलाकों में रह रहे लोगों के लिए 25 दिन वाला नियम लागू था, लेकिन अब शहर, गांव और कस्बे हर जगह 25 दिन वाला रूल लागू होगा।
4. पीएनजी कनेक्शन वालों पर सख्ती
सरकार पीएनजी (PNG Connections) को बढ़ावा देने के लिए लगातार कई सारे नियम बना रही है। ऐसे में अब जिन इलाकों में पीएनजी की सुविधा उपलब्ध है तो उन ग्राहकों को एलपीजी छोड़ पीएनजी पर शिफ्ट होना पड़ेगा। सरकार के द्वारा भेजे गए नोटिस के 90 दिन बाद आपका एलपीजी कनेक्शन बंद हो सकता है। इसलिए अगर आपके इलाके में पीएनजी की सुविधा उपलब्ध है तो तुरंत उसका कनेक्शन ले लें।
5. डिलीवरी के वक्त OTP जरूरी
अब सिलिंडर की सिर्फ बुकिंग रसीद दिखाना काफी नहीं होगा। सिलिंडर की डिलीवरी को और सुरक्षित बनाने के लिए नए नियम लागू किए गए हैं। बुकिंग के बाद आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक ओटीपी (OTP) भेजा जाएगा, जिसे सिलिंडर लेते समय डिलीवरी एजेंट को बताना जरूरी होगा। इस व्यवस्था का मकसद फर्जी बुकिंग और बिना रजिस्ट्रेशन के हो रही डिलीवरी पर लगाम लगाना है।
फिक्स्ड डिपॉजिट के लिए बदल जाएगा नियम
फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) में पैसा जमा करने वाले लोगों के लिए यह खबर काफी जरूरी है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने बल्क फिक्स्ड डिपॉजिट की ब्याज दरों से जुड़े नियमों में बदलाव किया है। ये नए नियम 1 अक्टूबर 2026 से लागू होंगे।
नए नियमों के तहत बैंकों को लागू होने वाली ब्याज दरों की जानकारी पहले से देनी होगी। इसके अलावा, बल्क डिपॉजिट पर उपलब्ध ब्याज दरों को रोजाना प्रकाशित करना होगा। ये नियम कमर्शियल बैंकों, स्मॉल फाइनेंस बैंकों, RRB, लोकल एरिया बैंकों, पेमेंट बैंकों और अर्बन कोऑपरेटिव बैंकों पर लागू होंगे।
रोजाना अपडेट करनी होगी बल्क एफडी दरें
बैंकों को हर कामकाजी दिन सुबह 10 बजे तक लागू बल्क डिपॉजिट दरें पब्लिश करनी होंगी। 10 मिनट का ग्रेस पीरियड दिया गया है, इसी वजह से दरें सुबह 10:10 बजे तक अपडेट की जा सकती हैं।
एक जैसी बल्क एफडी ब्याज दरें
एक जैसी बल्क डिपॉजिट के लिए बैंक अलग-अलग दरें नहीं दे सकते, केवल इसलिए कि डिपॉजिट किसी दूसरी ब्रांच में बुक किया गया है। एक ही दिन स्वीकार किए गए एक जैसे डिपॉजिट के लिए सभी ब्रांच में एक ही दर लागू होनी चाहिए।
अलग-अलग बल्क एफडी दरों की अनुमति
लिक्विडिटी कवरेज रेश्यो (LCR) फ्रेमवर्क के तहत लागू रन-ऑफ रेट के आधार पर बैंक बल्क डिपॉजिट पर अलग-अलग ब्याज दरें दे सकते हैं। इससे बैंकों को दरें तय करते समय यह सोचने का मौका मिलता है कि अलग-अलग तरह के डिपॉजिट कितनी तेज़ी से बैंक से बाहर जा सकती है।
इसमें NRI रुपया डिपॉजिट भी शामिल
गैर-निवासियों (NRI) के कुछ रुपया डिपॉजिट पर भी LCR-आधारित यही छूट लागू होगी।
क्या आम निवेशकों पर पड़ेगा असर?
चूंकि ये नियम बल्क डिपॉजिट (3 करोड़ रुपये और उससे ज्यादा) से जुड़े हैं, इसलिए FD निवेशकों पर इनका असर कम होने की संभावना है।
हर महीने की शुरुआत के साथ कुछ नए नियम और बदलाव लागू होते हैं। अब 1 अक्टूबर से भी कई ऐसे बदलाव होने जा रहे हैं, जिनका सीधा असर आम लोगों के रोजमर्रा के काम और जेब पर पड़ सकता है। इनमें LPG, बैंकिंग, UPI पेमेंट, प्रॉपर्टी और गाड़ियों से जुड़े नियम शामिल हैं।



















































